कलेक्टर का औचक निरीक्षण, 42 में से 21 अधिकारी-कर्मचारी अनुपस्थित मिले
19 June 2026 • 03:29 pm

सागर। स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने तथा शासकीय कार्यों में प्रशासनिक कसावट लाने के उद्देश्य से कलेक्टर ने शुक्रवार को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कार्यालय में बड़ी लापरवाही सामने आई। उपस्थिति पंजी की जांच में 42 अधिकारियों-कर्मचारियों में से 21 अधिकारी-कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए।
इस स्थिति पर कलेक्टर ने कड़ी नाराजगी जताई और अनुपस्थित स्टाफ के खिलाफ तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने सभी अनुपस्थित कर्मचारियों का 3 दिन का वेतन काटने, कारण बताओ नोटिस जारी करने और अनुशासनात्मक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान अनुविभागीय अधिकारी, सीएमएचओ सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी और प्रशासनिक स्टाफ उपस्थित रहा।

एक-एक शाखा में पहुंचकर देखी व्यवस्थाएं
कलेक्टर ने सीएमएचओ कार्यालय परिसर का भ्रमण कर वहां संचालित विभिन्न शाखाओं का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने स्थापना शाखा, लिपिक शाखा और नेशनल हेल्थ मिशन यानी एनएचएम यूनिट सहित अन्य विभागों में पहुंचकर फाइलों और रिकॉर्ड की स्थिति देखी।
स्थापना शाखा में कर्मचारियों के अवकाश, क्लेम्स और सर्विस बुक से जुड़े दस्तावेजों के संधारण की जानकारी ली गई। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि शासकीय कर्मचारियों के अवकाश, क्लेम और सर्विस बुक से संबंधित मामलों का निराकरण समय-सीमा में किया जाए। किसी भी स्तर पर लेटलतीफी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इसके साथ ही एनएचएम यूनिट के तहत जिले में संचालित स्वास्थ्य योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं के क्रियान्वयन में गति लाई जाए और लंबित प्रकरणों का त्वरित निराकरण किया जाए।
निरीक्षण के दौरान जब कलेक्टर ने उपस्थिति रजिस्टर की जांच की, तो कार्यालय की स्थिति निराशाजनक पाई गई। 42 अधिकारियों-कर्मचारियों में से 21 बिना किसी पूर्व सूचना या स्वीकृत अवकाश के ड्यूटी से नदारद मिले। इस पर सख्त रुख अपनाते हुए कलेक्टर ने सीएमएचओ को निर्देश दिए कि सभी अनुपस्थित कर्मचारियों को तत्काल कारण बताओ नोटिस जारी किया जाए और उनका 3 दिन का वेतन काटने की कार्रवाई की जाए।

आम जनता को न हो परेशानी: कलेक्टर
कलेक्टर प्रतिभा पाल ने सीएमएचओ को स्पष्ट निर्देश दिए कि स्वास्थ्य विभाग आम जनता और मरीजों से सीधे जुड़ा हुआ विभाग है। ऐसे में कार्यालय आने वाले नागरिकों और दूर-दराज से आने वाले लोगों को किसी भी कार्य के लिए परेशान नहीं होना चाहिए।
उन्होंने कार्यालय में साफ-सफाई बनाए रखने, फाइलों का व्यवस्थित रखरखाव करने और सभी अधिकारियों-कर्मचारियों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि शासकीय कार्यों में लापरवाही किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।

