कपड़ा व्यापारी के बेटे के अपहरण का खुलासा, हथियारों के साथ तीन आरोपी गिरफ्तार
4 July 2026 • 09:34 pm

पन्ना जिले के थाना पवई क्षेत्र में कपड़ा व्यापारी के 19 वर्षीय पुत्र अंशुल उर्फ कान्हा डेंगरे के अपहरण और फिरौती मांगने के सनसनीखेज मामले का पन्ना पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने मामले में शामिल तीनों आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए उनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त 01 देशी पिस्टल, 02 देशी कट्टे, 01 जिंदा राउंड और 02 मोटरसाइकिल बरामद की हैं।
घटना 27 जून 2026 की है, जब पवई के प्रतिष्ठित कपड़ा व्यापारी राजेश कुमार डेंगरे ने थाना पवई में सूचना दी थी कि उनके पुत्र अंशुल उर्फ कान्हा डेंगरे का अज्ञात लोगों ने अपहरण कर लिया है और उसकी रिहाई के एवज में 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी जा रही है। सूचना
मिलते ही पुलिस अधीक्षक पन्ना निवेदिता नायडू के निर्देशन में थाना प्रभारी पवई निरीक्षक सुशील कुमार अहिरवार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई की और अपहृत युवक को सकुशल दस्तयाब कर परिजनों को सौंप दिया। हालांकि उस दौरान आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहे थे।
इसके बाद पुलिस अधीक्षक निवेदिता नायडू के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वंदना सिंह और एसडीओपी पवई भावना दांगी के मार्गदर्शन में विशेष टीम गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू की गई। तकनीकी साक्ष्यों, मुखबिर सूचना और लगातार पतारसी के आधार पर पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि अपहृत युवक सोशल मीडिया पर महंगे मोबाइल और अपनी समृद्ध जीवनशैली का प्रदर्शन करता था। इसी वजह से आरोपियों ने उसे आर्थिक रूप से संपन्न समझकर अपहरण की योजना बनाई और उसके परिजनों से फिरौती की मांग की।
घटना के दौरान भयवश परिजनों द्वारा आरोपी राजकमल रजक के बैंक खाते में ₹1,48,000 की राशि भेजी गई थी। पन्ना पुलिस और साइबर सेल ने तत्परता दिखाते हुए एनसीआरपी पोर्टल के माध्यम से उक्त राशि पर तत्काल होल्ड लगवा दिया, जिससे आरोपी रकम नहीं निकाल सके। पुलिस के अनुसार पूरी राशि खाते में सुरक्षित है और न्यायालय के आदेश के बाद फरियादी को वापस कराई जा सकेगी।

गिरफ्तार आरोपियों में राजकमल रजक पिता राजू रजक उम्र 19 वर्ष, राजकुमार पिता हल्के पाल उम्र 25 वर्ष और शिवेंद्र सिंह पिता देवसिंह उम्र 18 वर्ष, तीनों निवासी ग्राम सिमरा कला थाना पवई शामिल हैं। गिरफ्तारी के बाद तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में उप जेल पवई भेज दिया गया।

