सतना जेल की महिला अफसर ने पूर्व कैदी से रचाई शादी, हिंदू रीति-रिवाज से हुआ विवाह
7 May 2026 • 12:30 pm

मध्य प्रदेश के सतना जिले में एक अनोखी प्रेम कहानी इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। सतना सेंट्रल जेल की सहायक अधीक्षक फिरोजा खातून ने हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट चुके धर्मेंद्र उर्फ अभिलाष से हिंदू रीति-रिवाज के अनुसार विवाह कर लिया। यह विवाह 5 मई को छतरपुर जिले के लवकुश नगर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच सम्पन्न हुआ।

जानकारी के अनुसार, फिरोजा खातून की मुलाकात अभिलाष से उस समय हुई थी जब वे सतना जेल में वारंट इंचार्ज के रूप में कार्यरत थीं। अभिलाष उस समय हत्या के एक चर्चित मामले में जेल में सजा काट रहा था और जेल के भीतर वारंट संबंधी कार्यों में सहयोग करता था। इसी दौरान दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई, जो धीरे-धीरे दोस्ती और फिर प्रेम संबंध में बदल गई।

बताया जा रहा है कि अभिलाष करीब 14 वर्ष जेल में रहने के बाद अच्छे आचरण के आधार पर रिहा हुआ था। जेल से बाहर आने के बाद दोनों ने विवाह का निर्णय लिया।

परिवार की नाराजगी के बीच सम्पन्न हुए इस विवाह में फिरोजा खातून के मुस्लिम परिजन शामिल नहीं हुए। ऐसे में विश्व हिंदू परिषद के जिला उपाध्यक्ष राजबहादुर मिश्रा ने अपनी पत्नी के साथ माता-पिता की भूमिका निभाते हुए कन्यादान किया। विवाह समारोह में बजरंग दल के कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।
अभिलाष छतरपुर जिले के चंदला क्षेत्र का निवासी है। वर्ष 2007 में नगर परिषद के तत्कालीन उपाध्यक्ष कृष्णदत्त दीक्षित की हत्या के मामले में उसे उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी।

शादी की खबर सामने आने के बाद सतना जेल के अधिकारियों, कर्मचारियों और कैदियों ने भी नवविवाहित दंपति को शुभकामनाएं दी हैं। यह विवाह प्रेम, सामाजिक बंधनों और धार्मिक सीमाओं से ऊपर उठकर लिए गए फैसले के रूप में इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है।

