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आरईएस कार्यालय में गुंडागर्दी: शासकीय कार्य में बाधा डाल कर्मचारी को पीटा, करोड़ों के फर्जी सड़क घोटाले से जुड़े तार

दिनेश चौबे दमोह

13 June 2026 05:18 am

दमोह - ग्रामीण यांत्रिकी सेवा आरईएस विभाग के कार्यालय में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक व्यक्ति ने दफ्तर के अंदर घुसकर एक शासकीय कर्मचारी के साथ न केवल अभद्रता की, बल्कि उनके साथ जमकर मारपीट भी की। घटना के बाद विभाग के आक्रोशित कर्मचारियों ने लामबंद होकर पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर आवेदन सौंपा।

दफ्तर में घुसकर गाली-गलौज और मारपीट

प्राप्त जानकारी के अनुसार, अमरदीप अग्रवाल नामक व्यक्ति आरईएस कार्यालय में दाखिल हुआ। उसने वहां पदस्थ सहायक ग्रेड-3 राजीव लोचन चौबे के साथ बदतमीजी शुरू कर दी। देखते ही देखते आरोपी गाली-गलौज पर उतर आया और चौबे के साथ मारपीट शुरू कर दी। दफ्तर के भीतर शोर-शराबा और चीख-पुकार सुनकर विभाग के अन्य कर्मचारी तुरंत कक्ष की ओर दौड़े और बीच-बचाव कर चौबे को आरोपी के चंगुल से बचाया।

अधिकारियों का रुख: दर्ज होगी एफआईआर

इस पूरे मामले पर आरईएस की कार्यपालन यंत्री अदिति ठाकुर ने सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने घटना की पुष्टि करते हुए कहा:

"मेरे कार्यालय में शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाते हुए कर्मचारी के साथ अभद्रता, गाली-गलौज और मारपीट की गई है। यह बेहद गंभीर मामला है। इसकी लिखित सूचना पत्र के माध्यम से पुलिस अधीक्षक कार्यालय को भेज दी गई है ताकि आरोपी के खिलाफ तत्काल प्राथमिकी दर्ज की जा सके।"

क्या है वज़ह: करोड़ों की फर्जी सड़कों के भुगतान पर रोक बनी वजह!

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, इस पूरे विवाद की जड़ में करोड़ों रुपये का एक बड़ा घोटाला छुपा हुआ है।

क्या है मामला: पूर्व ईई गुप्ता के कार्यकाल के दौरान 60/84 मद से करोड़ों रुपये की लागत से ग्रेवल सड़कों का निर्माण होना था।

कागजों पर बनीं सड़कें: आरोप हैं कि धरातल (ग्राउंड) पर इन सड़कों का कोई निर्माण कार्य नहीं किया गया और फर्जी तरीके से करोड़ों के भुगतान की तैयारी थी।

जांच बैठते ही बौखलाहट: जैसे ही पूर्व ईई गुप्ता का स्थानांतरण हुआ, नई कार्यपालन यंत्री अदिति ठाकुर ने कार्यभार संभालते ही उक्त संदिग्ध सड़कों की जांच शुरू करवा दी और उनके भुगतान पर तत्काल रोक लगा दी।

नतीजा: भुगतान रुकने से बौखलाए ठेकेदारों के तथाकथित साथी अमरदीप अग्रवाल ने आज कार्यालय पहुंचकर इस सनसनीखेज वारदात को अंजाम दे डाला। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और शासकीय कर्मचारी से मारपीट को लेकर कर्मचारियों में भारी आक्रोश है